रायपुर बिरयानी सेंटर पर कब चलेगा बुलडोजर?
कील लगा लकड़ी के बत्त्ता से मवेशी पर जानलेवा हमला
बेजा कब्ज़ा कर रायपुर बिरयानी सेंटर का संचालन, नगर निगम के अधिकारी बेपरवाह
बिलासपुर। न्यायधानी के शिव टाकीज चौक स्थित रायपुर बिरयानी सेंटर में मवेशी को इस कदर क़ुरतापूर्वक मारा गया की देखने वालों की रूह कांप उठी। मवेशी को इस कदर मारा की उसके शरीर में कील लगा लड़की का बत्त्ता ही घुसा दिया गया। इस क़ुरतापूर्वक घटना को देखने वाले लोगों सहित अन्य लोगों में भारी आक्रोश देखने को मिला !पूर्व के अनुभवों को देखते हुए कि जो भी सनातनी आवाज उठाएंगे कथित हिंदूवादी सरकार में उन्हीं के खिलाफ FIR। दर्ज होगी इसलिए अब अधिकांश हिन्दू और हिन्दू संगठन सोशल मीडिया मंचो पर आश्रित है, इस प्रकार की अमानवीय ओर दरिदंगी की घटनाओं को सोशल मीडिया मंचो पर वायरल कर अपने कर्तव्यों की इतिश्री करना अधिक उचित समझते है !
संज्ञान तो कथित हिंदूवादी सरकार के राजनीतिक नेतृत्व को लेना चाहिए, इस अमानवीय घटना कारित करने वाले ब्यक्ति के खिलाफ जिला प्रशासन को भी कड़ी से कड़ी कार्यवाही की चाहिए !
शिव टॉकीज चौक पर बना रायपुर बिरयानी सेंटर बेजा कब्ज़ा है। सोचने वाली बात है कि नगर निगम जिस तरह से ठेला गुमटी वाले दुकानदारों को उठाकर अतिक्रमण का सफाया कर रही है उसकी नज़र आख़िर शिव टॉकीज चौक स्थित इस रायपुर बिरयानी सेंटर पर क्यों नही पड़ी? पशु क्रूरता अधिनियम के उलंघन करने वाले दोषी के खिलाफ कब कार्यवाही होती है यह तो पुलिस तय करेगी, लेकिन मानवता को शर्मसार करने वाली इस घटना के बाद से संबंधित दोषी पर कार्यवाही न होने से कथित हिंदूवादी राजनीतिक नेतृत्व पर सनातनियों द्वारा सवाल उठाना लाजमी है ! पशु क्रूरता अधिनियम के अंतर्गत FIR दर्ज कर रायपुर बिरयानी सेंटर को तत्काल बंद कराकर, बेजा कब्ज़ा
पूर्व के अनुभवों को देखते हुए कि जो भी सनातनी आवाज उठाएंगे कथित हिंदूवादी सरकार में उन्हीं के खिलाफ FIR। दर्ज होगी इसलिए अब अधिकांश हिन्दू और हिन्दू संगठन सोशल मीडिया मंचो पर आश्रित है, इस प्रकार की अमानवीय ओर दरिदंगी की घटनाओं को सोशल मीडिया मंचो पर वायरल कर अपने कर्तव्यों की इतिश्री करना अधिक उचित समझते है !
संज्ञान तो कथित हिंदूवादी सरकार के राजनीतिक नेतृत्व को लेना चाहिए, इस अमानवीय घटना कारित करने वाले ब्यक्ति के खिलाफ जिला प्रशासन को भी कड़ी से कड़ी कार्यवाही की चाहिए !
शिव टॉकीज चौक पर बना रायपुर बिरयानी सेंटर बेजा कब्ज़ा है। सोचने वाली बात है कि नगर निगम जिस तरह से ठेला गुमटी वाले दुकानदारों को उठाकर अतिक्रमण का सफाया कर रही है उसकी नज़र आख़िर शिव टॉकीज चौक स्थित इस रायपुर बिरयानी सेंटर पर क्यों नही पड़ी? पशु क्रूरता अधिनियम के उलंघन करने वाले दोषी के खिलाफ कब कार्यवाही होती है यह तो पुलिस तय करेगी, लेकिन मानवता को शर्मसार करने वाली इस घटना के बाद से संबंधित दोषी पर कार्यवाही न होने से कथित हिंदूवादी राजनीतिक नेतृत्व पर सनातनियों द्वारा सवाल उठाना लाजमी है ! पशु क्रूरता अधिनियम के अंतर्गत FIR दर्ज कर रायपुर बिरयानी सेंटर को तत्काल बंद कराकर, बेजा कब्ज़ा हटाया जाना चाहिए !
ऐसी बात नहीं है कि, नगर निगम के अतिक्रमण दस्ते के पास रायपुर बिरयानी के बेजाकब्जे की खबर नहीं होगी यह अलग बात है कि भ्रष्टाचारी व्यवस्था में कार्यवाही सिर्फ अवैध सेवशुल्क नहीं देने वाले गरीबों पर होती है ?
इस घटना पर कठोर और कड़ी कार्रवाई प्रशासन को करनी चाहिए, जिससे कि धार्मिक भावना का सम्मान कायम रहे। और इस प्रकार की पशु क्रूरता करने की हिम्मत कोई दोबारा ना कर सके यदि प्रशासन शासन ऐसी घटना पर संज्ञान लेकर कार्यवाही नहीं करते हैं तो दुर्भाग्य जनक है। ऐसे व्यक्ति को जो गौ माता को बेरहमी से पिटा मारा है उसकी सजा इसी जीवन में उसको भुगतनी पड़ेगी, बुरे और गलत कार्य का फल बुरा ही मिलेगा चाहे आज नहीं तो कल ईश्वर के घर देर है, अंधेर नहीं पाप और पुण्य सही और गलत अच्छा और बुरा सब यही दिखता है, और भोगना भी पड़ता है। जय गौमाता,,,,,,



